📰 सच की दुनिया
कविता | लेख | खबर
Home
कविता
समाचार
Saturday, 11 September 2021
मायूस कर रहा है / अकबर इलाहाबादी
मायूस कर रहा है नई रोशनी का रंग
इसका न कुछ अदब है न एतबार है
तक़दीस मास्टर की न लीडर का फ़ातेहा
यानी न नूरे-दिल है, न शमये मज़ार है
No comments:
Post a Comment
Newer Post
Older Post
Home
Subscribe to:
Post Comments (Atom)
📱 WhatsApp
📘 Facebook
🐦 X
© सच की दुनिया
No comments:
Post a Comment